राजधानी दिल्ली में कोरोना के लगातार बढ़ते मामलों से निपटने के लिए खुद गृह मंत्री अमित शाह ऐक्टिव हो गए हैं। इस बाबत आज उन्होंने सर्वदलीय बैठक बुलाई और दिल्ली के सभी राजनीतिक दलों की राय जानी। इस बैठक में शामिल सभी दलों ने अपनी राय दी। बैठक में शाह ने साफ कहा कि यह वक्त महामारी से निपटने का है और सभी दल अपने राजनीतिक अजेंडा को अलग कर दें। उन्होंने कहा कि 20 जून से हर रोज दिल्ली में 18 हजार टेस्ट होंगे। बैठक में आम आदमी पार्टी (आप) बीजेपी, कांग्रेस और बीएसपी के प्रतिनिधि शामिल हुए।

ऐक्शन में शाह, 36 घंटे में तीसरी बैठक

पिछले 36 घंटे में शाह की यह तीसरी बैठक थी। इससे पहले शाह ने दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल, एलजी अनिल बैजल समेत MCD के सभी मेयरों के साथ बैठक कर चुके हैं। राजधानी दिल्ली में कोरोना के आंकड़े बढ़कर 41 हजार के पार पहुंच चुके हैं।

'20 जून से हर रोज 18 हजार टेस्ट'

बैठक में शामिल दलों ने राय दी। दिल्ली बीजेपी चीफ आदेश कुमार गुप्ता ने कहा कि बैठक में शाह ने कहा कि 20 जून तक दिल्ली सरकार हर रोज 18 हजार कोरोना के टेस्ट करेगी।

कांग्रेस का आप पर आरोप

कांग्रेस ने बैठक के बाद आप पर कोरोना के आंकड़े छिपाने का आरोप लगाए। राज्य के प्रदेश अध्यक्ष अनिल चौधरी ने बैठक के बाद कहा, ' कोरोना फैलने के लिए सीधे तौर पर दिल्ली सरकार और केंद्र सरकार जिम्मेदार है। हमनें 11 पॉइंट सजेशन के तौर पर दिए हैं। एलजी साहब को सुझाव दिए थे। हमने कहा कि कॉलेज और हॉस्टल की सुविधा लेनी चाहिए। दिल्ली के सीएम गुमरारह कर रहे हैं। प्राइवेट अस्पतालों को जिम्मेदार ठहरा रहे हैं। हमने एक पत्र सबूत के तौर पर सौंपा है, गृह मंत्री को, उन्होंने इसे जांच के लिए भेजा है।